एयर एम्बुलेंस हादसे पर सियासत तेज: बाबूलाल मरांडी ने सरकार से मांगा जवाब
चतरा जिले के सिमरिया में हुए एयर एम्बुलेंस हादसे के बाद राज्यभर में सवाल उठने लगे हैं। लोग जानना चाहते हैं कि आखिर इतनी बड़ी चूक कैसे हुई। विपक्ष ने भी इस मामले को लेकर राज्य सरकार और एयर एम्बुलेंस सेवा संचालित करने वाली कंपनी पर निशाना साधा है।
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष Babulal Marandi ने कहा कि सरकार की बहुप्रचारित एयर एम्बुलेंस योजना की कार्यप्रणाली अब कटघरे में है। उनका आरोप है कि 30 प्रतिशत से अधिक बर्न इंजरी का हवाला देकर सब्सिडी देने से इनकार किया गया, लेकिन बाद में अधिक राशि तय होने पर उसी मरीज को दिल्ली ले जाने की सहमति दे दी गई। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या 30 प्रतिशत की सीमा तय करने में विशेषज्ञों की राय ली गई थी?
मरांडी ने यह भी कहा कि 2023 से शुरू हुई सेवा का लाभ बहुत कम लोगों को मिला है, जबकि बजट में इसके लिए करोड़ों रुपये का प्रावधान किया गया है। उन्होंने निष्पक्ष जांच, एफआईआर दर्ज करने और जरूरत पड़ने पर कंपनी को ब्लैकलिस्ट करने की मांग की है। अब देखना होगा कि सरकार इन आरोपों पर क्या जवाब देती है।



