झारखंड के 94 लाख मजदूरों को राहत – मजदूरी दरों में हुई बढ़ोतरी
झारखंड सरकार ने असंगठित क्षेत्र के करीब 94 लाख श्रमिकों के लिए बड़ी राहत की घोषणा की है। अब राज्य में न्यूनतम मजदूरी दरों में करीब 7 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है, जो 1 अप्रैल 2025 से लागू हो चुकी है।


यह बढ़ोतरी अकुशल से लेकर अतिकुशल श्रमिकों तक के लिए की गई है। खासकर अतिकुशल कामगारों की मजदूरी में सबसे अधिक ₹52 प्रतिदिन का इजाफा किया गया है।
यह संशोधन राज्य में महंगाई के बढ़ते प्रभाव को ध्यान में रखते हुए किया गया है। मजदूरी दरों की गणना जुलाई से दिसंबर 2024 के उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के आधार पर की गई है।
सरकार ने राज्य के 90 नियोजित क्षेत्रों को तीन वर्गों में बांटा है:
श्रेणी-A: इसमें रांची, जमशेदपुर, धनबाद, देवघर, हजारीबाग जैसे नगर निगम शामिल हैं। यहां होटल, रेस्टोरेंट, क्लिनिक, प्राइवेट स्कूल, निर्माण कार्य, सिक्योरिटी एजेंसी और टेक्निकल सेवाओं में काम करने वाले श्रमिक शामिल हैं।
श्रेणी-B: इसमें अन्य शहरी निकाय क्षेत्र आते हैं जो श्रेणी-A में नहीं हैं।
श्रेणी-C: इसमें ग्रामीण इलाके और नगरीय निकाय से बाहर के क्षेत्र शामिल हैं।
श्रम विभाग का कहना है कि इस फैसले से राज्य के श्रमिकों को महंगाई से राहत मिलेगी और लाखों परिवारों की आर्थिक स्थिति में सुधार होगा।


