खूंटी सामूहिक दुष्कर्म मामले में डीजीपी का सख्त रुख, 16 साल से अधिक उम्र के आरोपियों को बालिग मानकर होगी कार्रवाई
झारखंड के खूंटी जिले के रनिया में पांच आदिवासी नाबालिगों से सामूहिक दुष्कर्म मामले में डीजीपी अनुराग गुप्ता ने सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने निर्देश दिया है कि 16 साल से अधिक उम्र के आरोपियों को बालिग मानकर कार्रवाई की जाए। इस मामले में खूंटी पुलिस ने 14 से 17 साल के बीच के 18 आरोपियों को रिमांड होम भेजा है ।
डीजीपी अनुराग गुप्ता ने कहा है कि जेजे एक्ट की धारा 15 के अनुसार, यदि कोई नाबालिग 16 साल से अधिक उम्र का हो और उसने जघन्य अपराध को अंजाम दिया हो, तो उसके खिलाफ बालिग की तरह कार्रवाई की जा सकती है। खूंटी पुलिस इसी अनुसार कार्रवाई कर रही है ।
इस मामले में कार्रवाई और जांच की मॉनिटरिंग एडीजी सुमन गुप्ता कर रही हैं। केस में आए तथ्यों के आधार पर वह आगे की दिशा-निर्देश जारी करेंगी।