पूर्वी सिंहभूम में एचपीवी पर चिकित्सा पदाधिकारियों का एक दिवसीय प्रशिक्षण आयोजित
जमशेदपुर। सिविल सर्जन कार्यालय, पूर्वी सिंहभूम के डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम सभागार में गुरुवार को चिकित्सा पदाधिकारियों के लिए ह्यूमन पैपिलोमावायरस (एचपीवी) विषय पर एक दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने की।


प्रशिक्षण में राज्य मुख्यालय से आए स्टेट टेक्निकल ऑफिसर (एचपीवी) रतिश कुमार माझी ने एचपीवी के लक्षण, संक्रमण, संचरण, जोखिम, जटिलताएं, बचाव एवं प्रबंधन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अधिकांश मामलों में एचपीवी संक्रमण के लक्षण दिखाई नहीं देते और शरीर स्वयं इसे ठीक कर लेता है, लेकिन बिना लक्षण के भी संक्रमित व्यक्ति वायरस फैला सकता है।
इस अवसर पर सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने कहा कि एचपीवी कम से कम छह प्रकार के कैंसर का कारण बन सकता है, जिनमें 90 प्रतिशत से अधिक गर्भाशय-ग्रीवा और गुदा कैंसर शामिल हैं। वहीं जिला आरसीएच पदाधिकारी डॉ. रंजीत कुमार पांडा ने लोगों से अपील की कि एचपीवी के लक्षण दिखने पर एआई या गूगल से इलाज लेने के बजाय किसी योग्य चिकित्सक से परामर्श लें।

