राजनगर सीएचसी में पीसीसी सड़क निर्माण में गंभीर अनियमितताओं का आरोप, गुणवत्ता पर उठे सवाल
सरायकेला: राजनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में विधायक मद से प्रवेश द्वार से स्टाफ क्वार्टर तक पीसीसी सड़क का निर्माण कार्य जारी है। इस सड़क निर्माण पर कुल 14 लाख रुपये की लागत निर्धारित है।


हालाँकि स्थानीय लोगों एवं स्थल पर मौजूद कर्मियों के अनुसार निर्माण कार्य में गंभीर अनियमितताएँ देखने को मिल रही हैं।
सूत्रों के अनुसार सड़क ढलाई के दौरान सीमेंट–बालू–गिट्टी का मिश्रण तय मानक के अनुरूप नहीं किया जा रहा है। साईट इंचार्ज विश्वनाथ रावत ने स्वयं स्वीकार किया कि मिश्रण 6:6 के अनुपात में किया जा रहा है, जबकि मानक अनुपात 5:5 का होना चाहिए। तकनीकी मानकों से विचलन के कारण ढलाई कमजोर दिखाई पड़ रही है, जिसका सड़क की उम्र और गुणवत्ता पर सीधा प्रभाव पड़ेगा।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह सड़क अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि रोज़ाना सैकड़ों मरीज, एम्बुलेंस और निजी वाहन इसी मार्ग से होकर स्वास्थ्य केंद्र पहुँचते हैं। ऐसे में घटिया निर्माण भविष्य में गंभीर परेशानी खड़ी कर सकता है।
लोगों में यह चर्चा भी है कि इस सड़क निर्माण का कार्यभार जिस संवेदक को मिला है, वह प्रभावशाली राजनीतिक व्यक्तियों के करीबी माने जाते हैं। इसी वजह से निर्माण में लापरवाही होने के बावजूद जवाबदेही तय नहीं हो पा रही है। स्थानीय नागरिकों ने आशंका जताई है कि निरीक्षण की कमी और ठेकेदार–कर्मियों की मिलीभगत के कारण मानकों से समझौता किया जा रहा है।
जनता ने संबंधित विभाग से तत्काल जांच, निर्माण सामग्री की तकनीकी जाँच, तथा दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि विभाग इस मामले पर क्या रुख अपनाता है और विधायक चंपई सोरेन इस विषय पर क्या प्रतिक्रिया देते हैं।


