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सरायकेला-खरसावाँ पुलिस की मासिक अपराध गोष्ठी, पर्वों को लेकर सुरक्षा व अपराध नियंत्रण पर दिए गए सख्त निर्देश

सरायकेला-खरसावाँ जिला पुलिस द्वारा बुधवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय सभागार में मासिक अपराध गोष्ठी का आयोजन किया गया। अपराध गोष्ठी की अध्यक्षता पुलिस अधीक्षक सरायकेला-खरसावाँ ने की। बैठक में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सरायकेला, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी चांडिल, पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय, सभी थाना प्रभारी, अंचल निरीक्षक एवं विभिन्न शाखाओं के प्रभारी उपस्थित रहे।

अपराध गोष्ठी के दौरान आगामी सरस्वती पूजा एवं गणतंत्र दिवस को लेकर जिले में सुरक्षा एवं विधि-व्यवस्था संधारण को लेकर विस्तृत चर्चा की गई तथा सभी थाना प्रभारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस अवसर पर दिसंबर माह में घटित अपराधों की गहन समीक्षा करते हुए लंबित कांडों के शीघ्र उद्भेदन एवं निष्पादन के निर्देश दिए गए। साथ ही दिसंबर माह में निष्पादित कांडों एवं यूडी मामलों की थानावार समीक्षा कर जनवरी माह में अधिक से अधिक कांडों के निष्पादन पर जोर दिया गया।

बैठक में अफीम की अवैध खेती की रोकथाम हेतु चलाए जा रहे जागरूकता सह सत्यापन अभियान की समीक्षा की गई और इसे और प्रभावी बनाने की रणनीति पर विमर्श हुआ। सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए व्यापक सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाने, प्रभावी वाहन चेकिंग तथा मोटर वाहन अधिनियम के तहत सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।

पुलिस अधीक्षक ने 1 जनवरी 2020 से 31 दिसंबर 2025 तक लंबित IIF&V मामलों की अद्यतन स्थिति की समीक्षा करते हुए सभी थाना प्रभारियों को लंबित प्रविष्टियां शीघ्र पूर्ण करने का निर्देश दिया। इसके साथ ही जिले में दर्ज संपत्तिमूलक अपराधों की थानावार समीक्षा कर अब तक लंबित मामलों के शीघ्र उद्भेदन पर बल दिया गया।

बैठक में अपराध नियंत्रण, सुगम यातायात व्यवस्था एवं पुलिस की दृश्यता बढ़ाने के लिए संचालित ‘प्रहरी पहल’ की समीक्षा की गई तथा असामाजिक तत्वों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए। मादक पदार्थों, ब्राउन शुगर एवं अवैध शराब की बिक्री के विरुद्ध चल रहे अभियानों को और तेज करने, एनडीपीएस एक्ट के तहत अद्यतन अपराधियों को चिन्हित कर PIT एनडीपीएस एवं निगरानी प्रस्ताव भेजने के निर्देश भी दिए गए।

पुलिस अधीक्षक ने बलात्कार एवं पॉक्सो एक्ट से संबंधित मामलों को 60 दिनों के भीतर निष्पादित करने, चिन्हित अपराधियों के विरुद्ध CCA, निगरानी एवं बेल कैंसिलेशन का प्रस्ताव समर्पित करने तथा पासपोर्ट सत्यापन पांच दिनों के भीतर पूर्ण करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि पासपोर्ट सत्यापन के नाम पर किसी भी आवेदक को अनावश्यक रूप से परेशान न किया जाए।

डायल 112 के तहत प्राप्त शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए बताया गया कि दिसंबर माह में जिले का औसत रिस्पांस टाइम 8 मिनट 51 सेकंड रहा है। इसके अलावा जेल से छूटे अपराधियों के सत्यापन, महत्वपूर्ण स्थानों पर सीसीटीवी अधिष्ठापन के लिए जागरूकता, एससी/एसटी अत्याचार निवारण अधिनियम से जुड़े मामलों के निष्पादन, साइबर अपराधों की रोकथाम, पुराने कांडों के शीघ्र निष्पादन एवं लंबित वारंट-कुर्की के निष्पादन को लेकर भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

बैठक में CCTNS के अंतर्गत रियल टाइम, पूर्ण एवं गुणवत्तापूर्ण डाटा प्रविष्टि, अवैध उत्खनन एवं परिवहन पर रोक, तथा ई-साक्ष्य ऐप के माध्यम से गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान एवं साक्ष्य संकलन की थानावार समीक्षा की गई।

अपराध गोष्ठी के अंत में पुलिस अधीक्षक ने सभी अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों को निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करते हुए जिले में कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने का आह्वान किया।

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