राष्ट्रीय बालिका दिवस पर जिले में विधिक जागरूकता कार्यक्रम, बालिकाओं को किया गया अधिकारों के प्रति जागरूक
चाईबासा(प्रकाश कुमार गुप्ता): राष्ट्रीय बालिका दिवस (24 जनवरी) के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार, पश्चिमी सिंहभूम चाईबासा की ओर से जिले के विभिन्न विद्यालयों में विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, रांची के निर्देशानुसार प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार पश्चिमी सिंहभूम मौहम्मद शाकिर के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया।


कार्यक्रम कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय पश्चिमी सिंहभूम चाईबासा, नेताजी सुभाष आवासीय बालिका विद्यालय चाईबासा, श्रद्धानंद बालिका विद्यालय बड़ी बाजार चाईबासा सहित अन्य स्थानों पर आयोजित हुआ। इस दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव रवि चौधरी मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे।

अपने संबोधन में सचिव रवि चौधरी ने कहा कि बालिकाएं ही राष्ट्र का उज्ज्वल भविष्य और भावी नेतृत्वकर्ता हैं। उन्होंने बालिकाओं को शिक्षा के प्रति जागरूक करते हुए कहा कि शिक्षा सबसे सशक्त अस्त्र है, जो जीवन में लक्ष्य प्राप्ति में सहायक होती है। पढ़ाई के साथ अनुभव और ज्ञान आत्मविश्वास को मजबूत करता है, जिससे विपरीत परिस्थितियों का सामना करने की शक्ति मिलती है। उन्होंने बालिकाओं से सतत प्रयास करते रहने की अपील की।
उन्होंने कई सफल राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय महिलाओं का उदाहरण देते हुए बालिकाओं को प्रेरित किया। राष्ट्रीय बालिका दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि 24 जनवरी 1966 को देश की प्रथम महिला प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने भारत का नेतृत्व संभाला था और वर्ष 2008 से इस दिन को राष्ट्रीय बालिका दिवस के रूप में मनाया जा रहा है।
सचिव ने बताया कि विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से महिलाओं और बालिकाओं के लिए कई विधिक सेवाएं निःशुल्क उपलब्ध कराई जाती हैं। उन्होंने बाल विवाह से होने वाली समस्याओं की जानकारी देते हुए कहा कि कम उम्र में विवाह कानूनन अपराध है और इससे अनेक सामाजिक व व्यक्तिगत परेशानियां उत्पन्न होती हैं।
उन्होंने बालिकाओं से स्वयं सजग रहने और दूसरों को भी जागरूक करने की अपील की। परिवार के दबाव की स्थिति में नालसा के टोल फ्री नंबर 15100 पर संपर्क करने की जानकारी दी गई।
इस अवसर पर सहायक लीगल एड डिफेंस काउंसिल पूजा चौरसिया, अधिकार मित्र विकास दोदराजका और रेणु देवी ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया।
कार्यक्रम का संचालन विद्यालय की वार्डन स्वप्ना दास ने किया। कार्यक्रम में अधिकार मित्र और जिला विधिक सेवा प्राधिकार के कर्मचारी भी उपस्थित थे।

