मानवता की मिसाल: पियूष गोस्वामी व अरविंद तिवारी ने उठाई गुरुवारी के उपचार व पोषण की जिम्मेदारी
जमशेदपुर। “मैं जीना चाहती हूँ” प्रसंग के तहत बागबेड़ा निवासी गुरुवारी गागराई और उनके परिवार की सहायता के लिए समाज में सहयोग के कदम लगातार बढ़ रहे हैं। गुरुवार को उनके उपचार और पौष्टिक आहार के लिए प्रतिभा पैथोलॉजी, हाता के संचालक पियूष गोस्वामी और समाजसेवी सह शिक्षक अरविंद कुमार तिवारी ने आर्थिक सहयोग प्रदान किया।


पियूष गोस्वामी ने बताया कि गुरुवारी वर्तमान में टीबी से पीड़ित हैं और परिवार बेहद कठिन परिस्थिति से गुजर रहा है। उन्होंने घोषणा की कि वे अगले छह महीनों तक प्रतिमाह आर्थिक सहायता Gurubari और उनके परिवार को प्रदान करेंगे, ताकि इलाज और पौष्टिक आहार की नियमित व्यवस्था बनी रहे। उन्होंने कहा कि उचित इलाज और पोषण मिलने पर गुरुवारी पूरी तरह स्वस्थ होकर सामान्य जीवन जी सकती हैं।
गुरुवारी का एक वर्षीय बेटा निमोनिया से पीड़ित है, जबकि पाँच वर्षीय बेटा दिव्यांग है। ऐसे में परिवार पर दोहरी मार पड़ी है। आर्थिक तंगी के बीच बच्चों के इलाज और दैनिक जरूरतों की पूर्ति चुनौती बनी हुई है।
इसी क्रम में समाजसेवी रवि जायसवाल और नीतू दुबे ने भी आगे आकर परिवार को सहयोग दिया है। दोनों ने पीड़ित परिवार के लिए दो माह का अनाज उपलब्ध कराया, जिससे परिवार को खाद्य सामग्री की कमी न हो।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह के सहयोग से न केवल आर्थिक मदद मिलती है, बल्कि पीड़ित परिवार को जीने की नई उम्मीद भी मिलती है। समाजसेवियों की यह पहल मानवता और संवेदना का उदाहरण प्रस्तुत करती है।

