धान अधिप्राप्ति योजना को लेकर जिला स्तरीय अनुश्रवण समिति की बैठक संपन्न
चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिला समाहरणालय स्थित सभागार में जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त चंदन कुमार की अध्यक्षता में खरीफ विपणन मौसम 2025-26 के तहत धान अधिप्राप्ति योजना को लेकर जिला स्तरीय अनुश्रवण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में बताया गया कि जिले में धान अधिप्राप्ति का कार्य 15 दिसंबर 2025 से शुरू होगा।


बैठक में जानकारी दी गई कि इस वर्ष जिले में 3 लाख क्विंटल धान खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। सरकार द्वारा किसानों से धान की खरीदारी के लिए समर्थन मूल्य बोनस सहित तय किया गया है। सामान्य श्रेणी के धान का समर्थन मूल्य 2450 रुपये प्रति क्विंटल तथा ग्रेड-ए श्रेणी के धान का समर्थन मूल्य 2470 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित है।
बताया गया कि जिले में अब तक किसान उपार्जन पोर्टल पर 7895 किसान निबंधित हो चुके हैं। धान अधिप्राप्ति के लिए जिले में कुल 16 लैंपस का चयन किया गया है, जिन्हें 6 मिलरों से जोड़ा गया है। सभी स्तरों पर दंडाधिकारी और कर्मियों की प्रतिनियुक्ति भी की गई है।
उपायुक्त ने कहा कि धान अधिप्राप्ति का मुख्य उद्देश्य किसानों को समर्थन मूल्य का लाभ देना है, ताकि वे अपनी फसल न्यूनतम मूल्य से कम पर बेचने को मजबूर न हों। उन्होंने बताया कि सरकार की नई व्यवस्था के तहत धान खरीद के एक सप्ताह के भीतर किसानों के खातों में डीबीटी के माध्यम से भुगतान किया जाएगा।
उपायुक्त ने सभी धान खरीद केंद्रों पर तौल मशीन, बोरा, नमी मापक यंत्र, परिवहन सुविधा सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही इस वर्ष सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में धान खरीद कराने की बात कही गई। इसके लिए चयनित सभी 16 केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्देश दिया गया।
बैठक में यह भी निर्देश दिया गया कि प्रखंड विकास पदाधिकारी किसानों को धान बिक्री की सरल भुगतान प्रक्रिया की जानकारी दें और अधिक से अधिक किसानों का पंजीकरण कराएं। बिचौलियों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रखने तथा प्रत्येक सप्ताह प्रगति रिपोर्ट और गोदाम का भौतिक सत्यापन प्रतिवेदन देने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में अपर उपायुक्त प्रवीण केरकट्टा, जिला आपूर्ति पदाधिकारी सुनीला खलको, जिला सहकारिता पदाधिकारी अमृता कुमारी, जिला कृषि पदाधिकारी अमरजीत कुजूर सहित सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, लैंपस के अध्यक्ष-सचिव एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।

