विश्व कला दिवस पर श्रीनाथ विश्वविद्यालय में बंधनी-बाटिक कार्यशाला, छात्रों ने सीखी पारंपरिक कला

आदित्यपुर: विश्व कला दिवस के अवसर पर श्रीनाथ विश्वविद्यालय और श्रीनाथ कॉलेज ऑफ एजुकेशन के फाइन आर्ट्स विभाग के संयुक्त तत्वावधान में पारंपरिक कला पर आधारित एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और नई कला तकनीकों को सीखने में रुचि दिखाई।


कार्यशाला में मुख्य अतिथि के रूप में टेक्सटाइल डिजाइन विशेषज्ञ सुश्री रिमी मंडल ने शिरकत की। उन्होंने छात्रों को बंधनी और बाटिक जैसी पारंपरिक पेंटिंग विधियों की बारीकियों से अवगत कराया। इन तकनीकों के माध्यम से सूती वस्त्रों पर आकर्षक डिजाइन तैयार करने की प्रक्रिया को विस्तार से समझाया गया।
प्रशिक्षण सत्र के दौरान विद्यार्थियों को बेडशीट, रूमाल और दुपट्टा जैसे कपड़ों पर खुद डिजाइन बनाकर प्रैक्टिकल अनुभव भी दिया गया। साथ ही रंगों के उपयोग, डिजाइन की प्रक्रिया और आवश्यक सामग्रियों के बारे में भी जानकारी साझा की गई।
फाइन आर्ट्स विभाग के अध्यक्ष गणेश महतो ने कार्यक्रम के सफल आयोजन पर संतोष व्यक्त करते हुए मुख्य अतिथि का आभार जताया। इस मौके पर विभाग के अन्य शिक्षकगण भी मौजूद रहे और विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया।
श्रीनाथ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) एस. एन. सिंह ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के कार्यक्रम छात्रों के कौशल को निखारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि व्यावहारिक ज्ञान के माध्यम से छात्र कला के विभिन्न आयामों को बेहतर तरीके से समझ पाते हैं, जो उनके भविष्य के लिए लाभकारी साबित होगा।


