राजनगर के भुईयांनाचाना में मनसा पूजा पर सजा रंगमंच, अमोदिनी महतो ने फीता काटकर किया नाटक का उद्घाटन; स्व. मंगल महतो को दी गई भावपूर्ण श्रद्धांजलि

भुईयांनाचाना में मनसा पूजा पर बंगला नाटक का मंचन, नाट्य गुरु मंगल महतो को दी श्रद्धांजलि
राजनगर। राजनगर प्रखंड के भुईयांनाचाना गांव में मनसा पूजा के अवसर पर शुक्रवार को ‘शुक्ला महिला मनसा मंगल’ की ओर से बंगला नाटक ‘मायेर एकटी फुलेर जन्य किसेर अभिमान’ का मंचन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन राजनगर भाग-17 की जिला परिषद सदस्य अमोदिनी महतो ने फीता काटकर किया।



कार्यक्रम की शुरुआत भुईयांनाचाना गांव के दिवंगत नाट्य गुरु स्वर्गीय मंगल महतो की तस्वीर पर दीप प्रज्वलित कर एवं पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि देने के साथ हुई। ग्रामीणों और कलाकारों ने उनके नाट्य क्षेत्र में दिए योगदान को याद किया।

बताया गया कि स्वर्गीय मंगल महतो ने भुईयांनाचाना गांव में सबसे पहले नाटक सिखाने की शुरुआत की थी। उनकी नाट्य पार्टी का नाम ‘मंगल ओपेरा’ था। उनके निर्देशन में इस नाट्य दल ने विभिन्न क्षेत्रों में प्रस्तुति देकर भुईयांनाचाना गांव का नाम दूर-दूर तक रोशन किया। ग्रामीणों के बीच उनकी पहचान एक नाट्य गुरु के रूप में थी।

इसी वर्ष 19 जुलाई 2026 को मंगल महतो के निधन से गांव के कला जगत को अपूरणीय क्षति हुई। मनसा पूजा के अवसर पर आयोजित नाटक से पहले उन्हें श्रद्धांजलि देकर ग्रामीणों और कलाकारों ने उनकी नाट्य परंपरा को याद किया।
इसके बाद कलाकारों ने ‘मायेर एकटी फुलेर जन्य किसेर अभिमान’ बंगला नाटक प्रस्तुत किया। नाटक देखने के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण और श्रद्धालु पहुंचे। कलाकारों की प्रस्तुति पर दर्शकों ने तालियां बजाकर उत्साह बढ़ाया। कार्यक्रम के दौरान गांव की पारंपरिक नाट्य एवं सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिली।


